महोबा में मासूम बच्ची की मौत के मामले में मां गिरफ्तार, पांच बेटियों के बाद बेटे की चाह में प्रताड़ना का आरोप
महोबा। उत्तर प्रदेश के महोबा जिले के चरखारी कोतवाली क्षेत्र के चिंतेपुरा मोहल्ले में एक मासूम बच्ची की मौत का मामला सामने आया है। इस घटना में पूजा नाम की महिला पर अपनी ही बच्ची की जान लेने का आरोप है। पुलिस ने महिला को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, महिला पारिवारिक प्रताड़ना और मानसिक तनाव से जूझ रही थी। परिवार में बेटा नहीं होने के कारण पति रमेश और ससुराल पक्ष के लोगों पर उसे लगातार परेशान करने का आरोप लगाया गया है। महिला की पांच बेटियां हैं। बताया जा रहा है कि इसी बात को लेकर परिवार में तनाव बना रहता था।
परिवार के खेत जाने के दौरान हुई घटना
बताया गया है कि घटना के समय परिवार के अन्य सदस्य खेत गए हुए थे। घर पर बच्ची के लगातार रोने के बीच महिला ने कथित तौर पर यह कदम उठाया। देर शाम जब महिला के मामा दीपक खेत से घर लौटे तो उन्हें घटना की जानकारी हुई।
दीपक के अनुसार, घर पहुंचने पर उन्हें कुछ संदेह हुआ। इसके बाद जब उन्होंने बच्ची को देखा तो वह मृत अवस्था में मिली। घटना की जानकारी मिलते ही परिवार और आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया।
पांच बेटियां होने पर प्रताड़ना का आरोप
मृत बच्ची के मामा दीपक ने आरोप लगाया कि पूजा की पांच बेटियां हैं और बेटा नहीं होने के कारण पति रमेश तथा ससुराल के लोग उसे लगातार प्रताड़ित करते थे। उन्होंने बताया कि पारिवारिक विवाद और मानसिक तनाव के चलते पूजा परेशान रहती थी।
परिजनों के इन आरोपों के आधार पर मामले में पारिवारिक प्रताड़ना का पहलू भी जांच के दायरे में है। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
पुलिस ने मां को किया गिरफ्तार, जांच जारी
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया और जांच शुरू की। पुलिस ने बच्ची की मौत के मामले में आरोपी मां पूजा को गिरफ्तार कर लिया है। घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
पुलिस की जांच में बच्ची की मौत की परिस्थितियों, परिवार के सदस्यों की भूमिका और महिला के साथ कथित प्रताड़ना के आरोपों की पड़ताल की जाएगी।
बेटे की चाह और सामाजिक सोच पर फिर उठे सवाल
इस घटना ने एक बार फिर समाज में बेटे की चाह और बेटियों के प्रति भेदभावपूर्ण सोच पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। किसी परिवार में बेटा या बेटी होना किसी महिला की गलती नहीं है। इसके बावजूद बेटा नहीं होने पर महिलाओं को प्रताड़ित किए जाने की घटनाएं समाज के लिए चिंताजनक हैं।
फिलहाल महोबा पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच के बाद ही घटना के सभी कारणों और जिम्मेदार लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।