पीलीभीत के पूरनपुर में घुसा जंगली हाथी, दो घंटे तक कस्बे में मचाता रहा उत्पात, कब्रिस्तान की दीवार तोड़ी
पीलीभीत: उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले के पूरनपुर कस्बे में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक जंगली हाथी रात के वक्त रिहायशी इलाके में घुस आया। हाथी को सड़कों और मोहल्लों में घूमते देखकर स्थानीय लोग हैरान रह गए। देखते ही देखते हाथी कस्बे के अलग-अलग इलाकों में पहुंच गया। इस दौरान वह हर नारायणपुरम कॉलोनी से होते हुए पास के कब्रिस्तान में पहुंचा और वहां की दीवार तोड़ दी। बताया जा रहा है कि हाथी करीब दो घंटे तक कस्बे में घूमता रहा।
पूरनपुर की सड़कों पर अचानक दिखाई दिया हाथी
घटना रात के समय की है, जब लोग अपने काम से आ-जा रहे थे। इसी दौरान सड़क पर एक विशाल जंगली हाथी दिखाई दिया। शुरुआत में लोगों को इस पर विश्वास नहीं हुआ, लेकिन जब हाथी रिहायशी इलाके की सड़कों पर घूमता नजर आया तो लोगों में दहशत फैल गई।
हाथी कभी सड़क पर दिखाई देता तो कभी कॉलोनियों और गलियों की तरफ बढ़ जाता। रिहायशी इलाके में जंगली हाथी की मौजूदगी से स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ गई। लोगों को डर था कि हाथी कहीं किसी घर या व्यक्ति को नुकसान न पहुंचा दे।
हर नारायणपुरम कॉलोनी से कब्रिस्तान पहुंचा हाथी
जंगली हाथी घूमते हुए हर नारायणपुरम कॉलोनी तक पहुंच गया। इसके बाद वह पास के कब्रिस्तान में घुस गया। यहां हाथी ने एक दीवार तोड़ दी, जिससे संपत्ति को नुकसान पहुंचा।
रात के समय कस्बे में हाथी की आवाजाही ने लोगों को सतर्क कर दिया। हाथी के एक इलाके से दूसरे इलाके में जाने के कारण यह अंदाजा लगाना मुश्किल हो रहा था कि वह आगे किस दिशा में बढ़ेगा।
करीब दो घंटे तक कस्बे में घूमता रहा जंगली हाथी
जानकारी के मुताबिक, जंगली हाथी करीब दो घंटे तक पूरनपुर कस्बे की सड़कों, गलियों और मोहल्लों में घूमता रहा। इस दौरान वह अलग-अलग स्थानों पर दिखाई दिया। रिहायशी इलाके में हाथी की मौजूदगी से लोगों के बीच भय का माहौल बना रहा।
ऐसी घटनाओं में सबसे बड़ी चुनौती लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना होती है। जंगली हाथी अचानक आक्रामक हो सकता है या डरने पर अनियंत्रित होकर भाग सकता है। इसलिए उसके आसपास भीड़ जमा करना खतरनाक साबित हो सकता है।
जंगली हाथी दिखे तो क्या करें?
वन्यजीव विशेषज्ञों की सामान्य सुरक्षा सलाह के अनुसार, रिहायशी इलाके में हाथी दिखाई देने पर लोगों को उससे सुरक्षित दूरी बनाए रखनी चाहिए। हाथी के पास जाने, उसका पीछा करने या उसे घेरने की कोशिश नहीं करनी चाहिए।
हाथी को देखकर शोर मचाना, डंडे दिखाना या मोबाइल से वीडियो बनाने के लिए उसके नजदीक जाना भी जोखिम भरा हो सकता है। लोगों को सुरक्षित स्थान पर रहना चाहिए और स्थानीय प्रशासन या वन विभाग को सूचना देनी चाहिए।
वन विभाग की सतर्कता जरूरी
पूरनपुर जैसे इलाकों में जंगली हाथी का रिहायशी क्षेत्र में पहुंचना लोगों की सुरक्षा के लिहाज से गंभीर मामला है। ऐसी स्थिति में वन विभाग की टीम की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। हाथी की गतिविधियों पर नजर रखकर उसे सुरक्षित तरीके से आबादी से दूर ले जाने का प्रयास किया जा सकता है।
फिलहाल इस घटना में हाथी के कस्बे में पहुंचने के कारण और उसके आगे के मूवमेंट से जुड़ी विस्तृत जानकारी की पुष्टि होना बाकी है। घटना ने एक बार फिर वन्यजीवों की आबादी वाले क्षेत्रों में आवाजाही और लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
निष्कर्ष: पीलीभीत के पूरनपुर कस्बे में रात के समय घुसे जंगली हाथी ने करीब दो घंटे तक अलग-अलग सड़कों और मोहल्लों में घूमकर लोगों को दहशत में डाल दिया। हाथी हर नारायणपुरम कॉलोनी से होते हुए कब्रिस्तान पहुंचा, जहां उसने एक दीवार तोड़ दी। ऐसी स्थिति में लोगों के लिए हाथी से दूरी बनाए रखना और वन विभाग को सूचना देना सबसे जरूरी है।