हिमाचल के 419 खिलाड़ियों को CM सुक्खू ने दिए 17.85 करोड़ रुपये, 20 नवंबर से शुरू होगा ‘खेलो हिमाचल अभियान’
शिमला: हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने राज्य के खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। 31 अक्टूबर को शिमला में आयोजित हिम रत्न-2026 सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन करने वाले 419 खिलाड़ियों को कुल 17.85 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की। इस दौरान उन्होंने युवाओं को नशे से दूर रखने और खेलों से जोड़ने के उद्देश्य से 20 नवंबर से धर्मशाला में ‘खेलो हिमाचल अभियान’ शुरू करने की घोषणा की।
419 खिलाड़ियों को मिला 17.85 करोड़ रुपये का पुरस्कार
हिम रत्न-2026 समारोह में मुख्यमंत्री ने 51 अंतरराष्ट्रीय और 368 राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को सम्मानित किया। अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को कुल 13.55 करोड़ रुपये और राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को 4.30 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि दी गई।
इस तरह खिलाड़ियों को कुल 17.85 करोड़ रुपये प्रदान किए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि खिलाड़ियों की उपलब्धियां प्रदेश का गौरव बढ़ाती हैं। उनकी सफलता वर्षों की मेहनत, प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन और परिवार के सहयोग का परिणाम है।
सवान बरवाल को 2.50 करोड़, सीमा कुमारी को 1.50 करोड़
समारोह में एथलीट सवान बरवाल को एशियन गेम्स-2026 में पुरुष मैराथन स्पर्धा में रजत पदक जीतने पर 2.50 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि दी गई। वहीं, 10,000 मीटर दौड़ में कांस्य पदक जीतने वाली सीमा कुमारी को 1.50 करोड़ रुपये प्रदान किए गए।
भारतीय महिला कबड्डी टीम की स्वर्ण पदक विजेता खिलाड़ी रितु नेगी, पुष्पा राणा, ज्योति ठाकुर और भावना ठाकुर को एक-एक करोड़ रुपये दिए गए। इसके अलावा भारतीय क्रिकेटर और हिमाचल की खिलाड़ी रेणुका ठाकुर को भी एक करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
ओलंपिक पदक विजेताओं की पुरस्कार राशि में बढ़ोतरी
मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार ने खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए ओलंपिक, विंटर ओलंपिक और पैरालंपिक खेलों में पदक जीतने वालों की पुरस्कार राशि बढ़ाई है।
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स्वर्ण पदक विजेता को अब 5 करोड़ रुपये मिलेंगे।
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रजत पदक विजेता को 3 करोड़ रुपये दिए जाएंगे।
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कांस्य पदक विजेता को 2 करोड़ रुपये मिलेंगे।
एशियन गेम्स और पैरा एशियन गेम्स के पदक विजेताओं की पुरस्कार राशि में भी बढ़ोतरी की गई है। टीम स्पर्धाओं में पदक जीतने वाले प्रत्येक खिलाड़ी को कुल पुरस्कार राशि का कम से कम 25 प्रतिशत हिस्सा देने का प्रावधान किया गया है
20 नवंबर से धर्मशाला में शुरू होगा खेलो हिमाचल अभियान
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने घोषणा की कि खेलो हिमाचल अभियान की शुरुआत 20 नवंबर 2026 को धर्मशाला से की जाएगी। इस अभियान का उद्देश्य युवाओं को खेल गतिविधियों से जोड़ना और उन्हें नशे, खासकर चिट्टे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना है।
अभियान के तहत क्रिकेट, वॉलीबॉल और कबड्डी प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इनमें 15 से 30 वर्ष तक के युवक और युवतियां भाग ले सकेंगे। प्रतियोगिताएं उपमंडल, जिला और राज्य स्तर पर आयोजित होंगी। मुख्यमंत्री ने अभियान की आधिकारिक वेबसाइट भी लॉन्च की और इसका शुभंकर जारी किया।
विजेता टीम को मिलेंगे 21 लाख रुपये
खेलो हिमाचल अभियान के तहत राज्य स्तर पर प्रथम स्थान हासिल करने वाली टीम को 21 लाख रुपये की पुरस्कार राशि दी जाएगी। दूसरे स्थान पर रहने वाली टीम को 15 लाख और तीसरे स्थान की टीम को 10 लाख रुपये मिलेंगे।
जिला स्तर पर प्रथम पुरस्कार 2 लाख रुपये, दूसरा पुरस्कार 1.5 लाख रुपये और तीसरा पुरस्कार 1 लाख रुपये निर्धारित किया गया है। इस पहल के जरिए ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के युवाओं को खेल प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेने का अवसर मिलेगा।
कोच और अंतरराष्ट्रीय रेफरी को भी मिलेगा प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय स्तर के कोच और अंतरराष्ट्रीय रेफरी के योगदान को देखते हुए उन्हें 3-3 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों की सफलता में प्रशिक्षकों और रेफरी की भी महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
सरकार खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए खेल विभाग में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने पर भी काम कर रही है। इसके तहत सहायक जिला खेल अधिकारी का नया पद सृजित किया गया है
2027 तक नशामुक्त हिमाचल बनाने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार वर्ष 2027 तक हिमाचल को नशामुक्त बनाने के लक्ष्य के साथ काम कर रही है। खेलो हिमाचल अभियान इसी दिशा में एक पहल है। सरकार का उद्देश्य युवाओं को खेलों के माध्यम से सकारात्मक गतिविधियों से जोड़ना और नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करना है।
सरकार का मानना है कि खेलों से युवाओं में अनुशासन, आत्मविश्वास और नेतृत्व क्षमता विकसित होती है। ऐसे आयोजनों से प्रदेश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के साथ नई प्रतिभाओं को आगे आने का अवसर मिलेगा।
हिमाचल में खेल सुविधाओं को मजबूत करने पर जोर
मुख्यमंत्री ने राज्य में खेल सुविधाओं के विस्तार की दिशा में किए जा रहे प्रयासों का भी उल्लेख किया। हमीरपुर जिले के नादौन में लगभग 170 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक इंडोर स्टेडियम विकसित किया जा रहा है। इसमें करीब 14 खेलों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना है।
सरकार का उद्देश्य प्रदेश के खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और अभ्यास की सुविधाएं उपलब्ध कराना है, ताकि वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा दिखा सकें।