पत्रकारों के उत्पीड़न पर प्रेस क्लब मैनपुरी एसोसिएशन ने जताई चिंता, निष्पक्ष जांच और ठोस दिशा-निर्देशों की मांग
मैनपुरी (अजय सक्सेना)। पत्रकारों की सुरक्षा, कथित उत्पीड़न और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जुड़े मुद्दों को लेकर प्रेस क्लब मैनपुरी एसोसिएशन ने चिंता जताई है। एसोसिएशन के बैनर तले पत्रकारों ने जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम मांग पत्र सौंपकर पत्रकारों के खिलाफ कथित उत्पीड़न, फर्जी मुकदमों और अनैतिक कार्रवाई पर रोक लगाने की मांग की। पत्रकारों ने कहा कि लोकतंत्र में मीडिया की स्वतंत्रता और पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है।
अतुल अग्रवाल और साथी पत्रकारों की हिरासत का मामला उठाया
मांग पत्र में ‘हिंदी खबर’ न्यूज चैनल के मुख्य संपादक अतुल अग्रवाल और उनके साथी पत्रकारों की हिरासत के मामले को प्रमुखता से उठाया गया। एसोसिएशन की ओर से कहा गया कि हरियाणा में नशाखोरी जैसे गंभीर सामाजिक मुद्दे पर खबर प्रसारित किए जाने के बाद पत्रकारों के खिलाफ हुई कार्रवाई ने स्वतंत्र पत्रकारिता को लेकर सवाल खड़े किए हैं।
पत्रकारों ने इस प्रकरण में एक महिला पत्रकार को हिरासत में लिए जाने पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो और कार्रवाई से जुड़े तथ्यों को पारदर्शी तरीके से सामने लाया जाए।
अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का किया उल्लेख
प्रेस क्लब मैनपुरी एसोसिएशन ने मांग पत्र में भारतीय संविधान के अनुच्छेद 19(1)(क) का उल्लेख करते हुए कहा कि वाक् एवं अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता लोकतांत्रिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण आधार है। पत्रकारों के अनुसार, मीडिया जनहित से जुड़े मुद्दों को जनता और प्रशासन के सामने लाने में अहम भूमिका निभाता है।
एसोसिएशन ने कहा कि समाचारों या प्रसारण को लेकर किसी प्रकार की शिकायत होने पर संबंधित मामले की जांच निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से की जानी चाहिए। इससे पत्रकारों को अपना काम स्वतंत्र रूप से करने का अवसर मिलेगा और अनावश्यक भय का माहौल बनने से रोका जा सकेगा।
महिला पत्रकार की सुरक्षा और गरिमा सुनिश्चित करने की मांग
मांग पत्र में राष्ट्रपति से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित कराने का अनुरोध किया गया। साथ ही हिरासत में ली गई महिला पत्रकार की सुरक्षा और गरिमा की रक्षा करने तथा पत्रकारों के कथित उत्पीड़न पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की गई।
पत्रकारों ने कहा कि किसी भी शिकायत पर कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन जांच की प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी रहना भी आवश्यक है। उनका कहना था कि पत्रकारों की सुरक्षा और मीडिया की स्वतंत्रता लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनहित के मुद्दों को सामने लाने के लिए महत्वपूर्ण हैं।
प्रेस क्लब पदाधिकारी और पत्रकार रहे मौजूद
इस अवसर पर प्रेस क्लब मैनपुरी एसोसिएशन के अध्यक्ष अर्पित चतुर्वेदी, सचिव अतुल सक्सेना सहित अन्य स्थानीय पत्रकार मौजूद रहे। पत्रकारों ने एकजुट होकर मीडिया की स्वतंत्रता, पत्रकारों की सुरक्षा और कथित उत्पीड़न के मामलों में निष्पक्ष जांच की आवश्यकता पर जोर दिया।
एसोसिएशन ने मांग की कि पत्रकारों से जुड़े ऐसे मामलों में स्पष्ट दिशा-निर्देश बनाए जाएं, ताकि शिकायतों का समाधान कानून के दायरे में और पारदर्शी तरीके से हो सके।