यूपी राज्यसभा चुनाव 2026: सपा उतारेगी तीसरा उम्मीदवार, 10 सीटों पर 16 अक्टूबर को मतदान
लखनऊ: यूपी राज्यसभा चुनाव 2026 के लिए मंगलवार 29 सितंबर से नामांकन की प्रक्रिया शुरू हो गई है। उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों पर 16 अक्टूबर को मतदान होना है। समाजवादी पार्टी ने तीन उम्मीदवार उतारने की तैयारी की है, जबकि मौजूदा विधानसभा संख्या बल के आधार पर सपा के दो उम्मीदवारों के लिए पर्याप्त वोट हैं। तीसरे उम्मीदवार को लेकर पार्टी के भीतर कई नामों पर चर्चा चल रही है।
10 राज्यसभा सीटों पर होने हैं चुनाव
उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों में फिलहाल आठ सीटें बीजेपी, एक समाजवादी पार्टी और एक बहुजन समाज पार्टी के पास हैं। इन सीटों के लिए चुनाव आयोग के कार्यक्रम के मुताबिक 29 सितंबर से नामांकन शुरू हुआ है और 6 अक्टूबर तक उम्मीदवार अपना नामांकन दाखिल कर सकेंगे। 7 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी, जबकि 9 अक्टूबर तक नाम वापस लिए जा सकेंगे। जरूरत पड़ने पर 16 अक्टूबर को मतदान होगा और उसी दिन मतगणना भी की जाएगी।
एक सीट के लिए 37 वोट का गणित
राज्यसभा चुनाव में प्रथम वरीयता के आधार पर एक उम्मीदवार को जीत के लिए 37 विधायकों के वोट की जरूरत होगी। उत्तर प्रदेश विधानसभा में मौजूदा रिक्तियों को ध्यान में रखते हुए प्रभावी संख्या के आधार पर यह आंकड़ा महत्वपूर्ण है। उपलब्ध संख्या बल के मुताबिक बीजेपी और उसके सहयोगी दल सात सीटों के लिए पर्याप्त संख्या रखते हैं, जबकि सपा के पास दो सीटों के लिए जरूरी वोट मौजूद हैं।
सपा के पास करीब 101 विधायक बताए जा रहे हैं। कांग्रेस के दो विधायकों को जोड़ने पर विपक्षी खेमे की संख्या और बढ़ती है। दो उम्मीदवारों को जिताने के लिए 74 प्रथम वरीयता वोट चाहिए। तीसरे उम्मीदवार के लिए अतिरिक्त वोट जुटाना सपा के सामने मुख्य चुनौती होगी।
सपा की बैठक में तीन उम्मीदवार उतारने पर चर्चा
सोमवार को सपा विधायक दल की बैठक में राज्यसभा और विधान परिषद चुनाव को लेकर उम्मीदवारों के नामों पर चर्चा हुई। रिपोर्टों के मुताबिक पार्टी ने राज्यसभा चुनाव में तीन उम्मीदवार उतारने का फैसला किया है। प्रो. रामगोपाल यादव का नाम प्रमुखता से सामने आया है। उनके अलावा पूर्व मुख्य सचिव आलोक रंजन और सलीम इकबाल शेरवानी समेत अन्य नामों पर भी चर्चा की गई है।
अखिलेश यादव ने उम्मीदवारों के नामों को लेकर कहा है कि नामांकन प्रक्रिया शुरू होने के बाद तस्वीर साफ हो जाएगी। पार्टी की ओर से तीसरे उम्मीदवार को लेकर अभी अंतिम आधिकारिक नाम की घोषणा का इंतजार है।
तीसरे उम्मीदवार के लिए अतिरिक्त वोट जुटाने होंगे
सपा के सामने सबसे बड़ा सवाल तीसरे उम्मीदवार के लिए आवश्यक प्रथम वरीयता वोट जुटाने का है। मौजूदा संख्या बल के हिसाब से दो उम्मीदवारों के लिए जरूरी 74 वोट निकालने के बाद पार्टी के पास अतिरिक्त विधायक बचते हैं, लेकिन तीसरी सीट के लिए 37 वोट पूरे करने के लिए दूसरे दलों या निर्दलीय/असंबद्ध विधायकों के समर्थन की जरूरत पड़ सकती है।
इसी वजह से राज्यसभा चुनाव में छोटे दलों और अलग-अलग राजनीतिक रुख रखने वाले विधायकों की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है। हालांकि मतदान से पहले किसी विधायक के अंतिम रुख को निश्चित नहीं माना जा सकता।
10वीं सीट पर मुकाबले का गणित
10 सीटों के चुनाव में मुख्य राजनीतिक चर्चा अंतिम सीट को लेकर है। उपलब्ध विधानसभा संख्या बल के अनुसार बीजेपी-नीत एनडीए सात सीटों के लिए जरूरी संख्या जुटाने की स्थिति में है, जबकि सपा दो सीटों के लिए पर्याप्त संख्या रखती है। इसके बाद बचने वाली सीट के लिए अतिरिक्त वोटों का प्रबंधन महत्वपूर्ण होगा।
सपा के तीसरा उम्मीदवार उतारने से यह गणित और दिलचस्प हो गया है। हालांकि अंतिम स्थिति नामांकन दाखिल होने, नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने और मतदान के दौरान विधायकों के वास्तविक वोट से ही स्पष्ट होगी।
नामांकन से मतदान तक पूरा शेड्यूल
यूपी राज्यसभा चुनाव 2026 के कार्यक्रम के अनुसार 29 सितंबर को अधिसूचना जारी होने के साथ नामांकन शुरू हुआ। 6 अक्टूबर नामांकन की अंतिम तारीख है। 7 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी और 9 अक्टूबर तक नाम वापस लिए जा सकेंगे। 16 अक्टूबर को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा। इसके बाद शाम 5 बजे से मतगणना शुरू होगी।