UP MLC Election Result 2026: यूपी में BJP ने 5 और सपा ने 3 सीटें जीतीं, तीन सीटों पर मतगणना जारी
लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधान परिषद के द्विवार्षिक चुनाव 2026 के नतीजों को लेकर प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। विधान परिषद की 11 सीटों के लिए हुई मतगणना में भाजपा और समाजवादी पार्टी के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। 28 अक्टूबर को सामने आए अपडेट के मुताबिक, आठ सीटों के नतीजे घोषित हो चुके थे। इनमें भाजपा ने पांच और समाजवादी पार्टी ने तीन सीटों पर जीत दर्ज की थी। बाकी तीन सीटों पर मतगणना जारी थी।
इन चुनावों में पांच स्नातक और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की सीटों के लिए मतदान हुआ था। चुनाव में कुल 152 उम्मीदवार मैदान में थे। इन नतीजों को 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले दोनों प्रमुख दलों की राजनीतिक ताकत के आकलन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
यूपी MLC चुनाव 2026: किस पार्टी को कितनी सीटें मिलीं?
मतगणना के दौरान भाजपा ने कई सीटों पर जीत दर्ज कर अपनी स्थिति मजबूत की, जबकि समाजवादी पार्टी ने भी महत्वपूर्ण निर्वाचन क्षेत्रों में सफलता हासिल की।
आठ सीटों के घोषित नतीजों के अनुसार:
- भाजपा: 5 सीटें
- समाजवादी पार्टी: 3 सीटें
- अन्य सीटें: 3 पर मतगणना जारी
भाजपा ने मेरठ स्नातक, मेरठ शिक्षक, लखनऊ शिक्षक, बरेली-मुरादाबाद शिक्षक और आगरा स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में जीत दर्ज की। वहीं समाजवादी पार्टी ने वाराणसी शिक्षक, आगरा शिक्षक और इलाहाबाद-झांसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में सफलता हासिल की।
भाजपा के इन उम्मीदवारों ने दर्ज की जीत
1. मेरठ स्नातक सीट से दिनेश कुमार गोयल विजयी
मेरठ-सहारनपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार दिनेश कुमार गोयल ने जीत दर्ज की। उन्होंने 24,928 वोट हासिल किए। इस जीत से पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भाजपा को महत्वपूर्ण सफलता मिली।
2. मेरठ शिक्षक सीट पर श्रीचंद्र शर्मा जीते
मेरठ-सहारनपुर शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार श्रीचंद्र शर्मा ने 18,099 वोट हासिल कर जीत दर्ज की। इस सीट पर भाजपा ने अपना दबदबा बनाए रखा।
3. लखनऊ शिक्षक सीट से उमेश द्विवेदी की जीत
लखनऊ शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी उमेश द्विवेदी ने जीत हासिल की। उन्होंने समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार सुशील कुमार को 6,992 वोटों से हराया। उमेश द्विवेदी को 13,179 वोट मिले, जबकि सुशील कुमार को 8,371 वोट हासिल हुए।
4. बरेली-मुरादाबाद शिक्षक सीट पर हरि सिंह ढिल्लों जीते
बरेली-मुरादाबाद शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार डॉ. हरि सिंह ढिल्लों ने शानदार जीत दर्ज की। उन्होंने समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी हाजी दानिश अख्तर को 17,676 वोटों से हराया। ढिल्लों को 21,672 वोट मिले, जबकि दानिश अख्तर को 3,996 वोट हासिल हुए।
5. आगरा स्नातक सीट पर भाजपा की जीत
आगरा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा उम्मीदवार मानवेंद्र ने जीत दर्ज की। इस सीट पर समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी शशांक यादव मुकाबले में थे। आगरा में भाजपा की जीत से पार्टी को स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में महत्वपूर्ण सफलता मिली।
समाजवादी पार्टी ने इन तीन सीटों पर मारी बाजी
1. वाराणसी शिक्षक सीट पर लाल बिहारी यादव की जीत
वाराणसी शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार लाल बिहारी यादव ने जीत दर्ज की। उन्होंने भाजपा प्रत्याशी प्रमोद कुमार मिश्रा को 4,898 वोटों से हराया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में सपा की इस जीत को राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस परिणाम ने भाजपा और सपा के बीच मुकाबले को और दिलचस्प बना दिया।
2. आगरा शिक्षक सीट पर डॉ. आकाश अग्रवाल विजयी
आगरा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार डॉ. आकाश अग्रवाल ने जीत हासिल की। मतगणना के दौरान इस सीट पर राजनीतिक तनाव भी देखने को मिला।
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने डॉ. आकाश अग्रवाल की जीत का दावा करते हुए प्रशासन से चुनाव प्रमाणपत्र जारी करने की मांग की थी। उन्होंने मतगणना केंद्र पर प्रत्याशी के साथ कथित दुर्व्यवहार को लेकर भी सवाल उठाए। इस मामले में लगाए गए आरोपों को स्वतंत्र रूप से प्रमाणित नहीं माना जा सकता।
3. इलाहाबाद-झांसी स्नातक सीट पर मान सिंह यादव की जीत
इलाहाबाद-झांसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार मान सिंह यादव ने भाजपा प्रत्याशी अशोक राठौर को हराया। इस जीत से सपा को स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में महत्वपूर्ण सफलता मिली।
इस सीट पर मतगणना के दौरान मान सिंह यादव ने भाजपा उम्मीदवार पर बढ़त बनाई थी। अंतिम परिणाम में उनकी जीत से समाजवादी पार्टी के खाते में तीसरी सीट जुड़ गई।
तीन सीटों पर जारी थी मतगणना
आठ सीटों के नतीजे आने के बाद भी तीन निर्वाचन क्षेत्रों की स्थिति स्पष्ट होना बाकी थी। इनमें गोरखपुर-फैजाबाद शिक्षक, वाराणसी स्नातक और लखनऊ स्नातक निर्वाचन क्षेत्र शामिल थे।
गोरखपुर-फैजाबाद शिक्षक सीट पर भाजपा उम्मीदवार ध्रुव त्रिपाठी और निर्दलीय प्रत्याशी राजीव यादव के बीच कड़ा मुकाबला रहा। पहली वरीयता के मतों की गिनती में ध्रुव त्रिपाठी को 11,881 वोट मिले, जबकि राजीव यादव को 11,415 वोट हासिल हुए। दोनों के बीच 466 वोटों का अंतर था। समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार डॉ. संजयन त्रिपाठी 8,301 वोटों के साथ तीसरे स्थान पर रहे।
इस सीट पर मतगणना प्रक्रिया को लेकर भी विवाद हुआ। कुछ प्रत्याशियों ने गड़बड़ी की आशंका जताई और प्रशासन पर सवाल उठाए। हालांकि, आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई थी।
वाराणसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में समाजवादी पार्टी के उम्मीदवार आशुतोष सिन्हा बढ़त बनाए हुए थे। वहीं लखनऊ स्नातक सीट पर सपा उम्मीदवार कांती सिंह के आगे होने की जानकारी सामने आई थी। इन सीटों पर अंतिम नतीजों के बाद ही कुल चुनावी तस्वीर पूरी तरह स्पष्ट होनी थी।
2027 विधानसभा चुनाव से पहले अहम माने जा रहे नतीजे
उत्तर प्रदेश विधान परिषद के ये चुनाव ऐसे समय हुए हैं, जब राजनीतिक दल 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों में जुटे हैं। ऐसे में शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के परिणाम भाजपा और समाजवादी पार्टी, दोनों के लिए अहम माने जा रहे हैं।
भाजपा ने घोषित नतीजों में पांच सीटें जीतकर बढ़त बनाई, जबकि समाजवादी पार्टी ने तीन सीटों पर जीत दर्ज की। वाराणसी और आगरा शिक्षक सीटों पर सपा की सफलता ने मुकाबले को दिलचस्प बना दिया। वहीं मेरठ, लखनऊ और बरेली-मुरादाबाद में भाजपा की जीत ने पार्टी की स्थिति मजबूत की।
निष्कर्ष: यूपी एमएलसी चुनाव 2026 के घोषित नतीजों में भाजपा ने पांच और समाजवादी पार्टी ने तीन सीटों पर जीत दर्ज की। बाकी तीन सीटों पर मतगणना जारी होने के कारण उस समय चुनाव की पूरी तस्वीर सामने आना बाकी थी। इन चुनावी नतीजों पर राजनीतिक दलों की नजर बनी हुई थी, क्योंकि इन्हें आगामी विधानसभा चुनाव से पहले प्रदेश की राजनीतिक स्थिति के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।