LANGUAGE ▾
FRI, AUG 21, 2026 | UPDATED 04:07 AM IST

PM मोदी से मिले सुप्रिया सुले समेत NCP-SP के 8 सांसद, 15 मिनट की बैठक में उठे सूखा-प्याज से नदी प्रदूषण तक के मुद्दे

नई दिल्ली: महाराष्ट्र की राजनीति से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर सोमवार को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) यानी एनसीपी-एसपी के सभी आठ लोकसभा सांसदों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। पार्टी की कार्यकारी अध्यक्ष और लोकसभा सांसद सुप्रिया सुले के नेतृत्व में हुई इस बैठक में महाराष्ट्र के अलग-अलग क्षेत्रों से जुड़े मुद्दों को प्रधानमंत्री के सामने रखा गया।

जानकारी के मुताबिक प्रधानमंत्री और एनसीपी-एसपी सांसदों के बीच यह बैठक करीब 15 मिनट तक चली। बैठक के बाद सुप्रिया सुले ने बताया कि प्रधानमंत्री के साथ महाराष्ट्र से जुड़े मुद्दों पर बातचीत हुई। सूत्रों के अनुसार, सांसदों ने अपने-अपने संसदीय क्षेत्रों की समस्याओं और स्थानीय स्तर पर सामने आ रही चुनौतियों को प्रधानमंत्री के सामने रखा।

सूखा और प्याज की कीमत का मुद्दा उठा

बैठक में महाराष्ट्र के किसानों से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। सूत्रों के मुताबिक सांसदों ने राज्य के कुछ इलाकों में सूखे की स्थिति और किसानों की समस्याओं को प्रधानमंत्री के सामने रखा।

महाराष्ट्र में प्याज की कीमत किसानों और कृषि अर्थव्यवस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा रही है। एनसीपी-एसपी सांसदों ने प्याज की कीमत से जुड़े विषय को भी बैठक में उठाया। किसानों की आय, उत्पादन लागत और बाजार में कीमतों के बीच संतुलन को लेकर लगातार राजनीतिक बहस होती रही है।

सांसदों ने प्रधानमंत्री से अपने-अपने क्षेत्रों की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए आवश्यक कदम उठाने का आग्रह किया।

चंद्रभागा नदी के प्रदूषण पर भी चर्चा

बैठक में पर्यावरण और जल से जुड़ा मुद्दा भी सामने आया। सूत्रों के अनुसार सांसदों ने चंद्रभागा नदी में प्रदूषण का मामला प्रधानमंत्री के समक्ष रखा।

नदियों का प्रदूषण महाराष्ट्र के कई हिस्सों में स्थानीय आबादी, खेती और पर्यावरण के लिए चिंता का विषय रहा है। सांसदों ने अपने क्षेत्र से जुड़े इस मुद्दे पर केंद्र के स्तर से आवश्यक सहयोग और समाधान की जरूरत बताई।

हालांकि, बैठक में इन मुद्दों पर प्रधानमंत्री की ओर से क्या विशेष आश्वासन दिया गया, इसकी विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।

FCRA संशोधन विधेयक पर नहीं हुई चर्चा

एनसीपी-एसपी और केंद्र सरकार के बीच राजनीतिक मतभेदों के बीच FCRA संशोधन विधेयक भी चर्चा में है। हालांकि, सोमवार को प्रधानमंत्री के साथ हुई इस बैठक में इस विधेयक का मुद्दा नहीं उठाया गया।

सुप्रिया सुले मौजूदा स्वरूप में प्रस्तावित FCRA संशोधन विधेयक का विरोध कर चुकी हैं। उनका कहना है कि विदेशी फंडिंग को केवल संदेह की नजर से नहीं देखा जाना चाहिए। उन्होंने केंद्र सरकार से विधेयक को वापस लेने या इसे संयुक्त संसदीय समिति यानी JPC के पास भेजने की मांग भी की थी।

ऐसे में बैठक में FCRA विधेयक पर चर्चा नहीं होना राजनीतिक रूप से भी ध्यान खींचने वाला पहलू रहा।

इससे पहले शरद पवार और सुप्रिया सुले ने की थी PM से मुलाकात

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और एनसीपी-एसपी नेतृत्व के बीच यह पहली ऐसी मुलाकात नहीं है। इससे पहले 22 जुलाई को एनसीपी-एसपी प्रमुख शरद पवार ने अपनी बेटी और सांसद सुप्रिया सुले के साथ प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात की थी।

उस बैठक के बाद शरद पवार ने बताया था कि प्रधानमंत्री के साथ छात्रों की मांगों, नीट पेपर लीक, किसानों की समस्याओं, जल प्रबंधन और शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई थी।

पवार ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कहा था कि प्रधानमंत्री ने इन मुद्दों पर सकारात्मक और ठोस कदम उठाने का भरोसा दिया था।

विपक्ष में रहते हुए PM से संवाद पर नजर

एनसीपी-एसपी विपक्षी INDIA गठबंधन का हिस्सा है। ऐसे में पार्टी के सभी लोकसभा सांसदों का प्रधानमंत्री से मिलना राजनीतिक रूप से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, सोमवार की बैठक का मुख्य फोकस महाराष्ट्र से जुड़े क्षेत्रीय और जनहित के मुद्दे बताए गए हैं।

सांसदों ने अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों की समस्याओं को सीधे प्रधानमंत्री के सामने रखने का प्रयास किया। इससे यह संकेत भी मिलता है कि विपक्षी दल केंद्र के साथ राजनीतिक विरोध के बावजूद अपने क्षेत्रीय मुद्दों के समाधान के लिए संवाद का रास्ता बनाए रखना चाहते हैं।

महाराष्ट्र के मुद्दों पर आगे क्या होगा?

करीब 15 मिनट की बैठक में सूखा, प्याज की कीमत और नदी प्रदूषण जैसे मुद्दों को उठाया जाना महाराष्ट्र के ग्रामीण और कृषि क्षेत्रों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अब निगाह इस बात पर रहेगी कि केंद्र और राज्य स्तर पर इन मुद्दों को लेकर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं।

खास तौर पर किसानों से जुड़े सूखे और प्याज की कीमत जैसे मुद्दे आने वाले समय में महाराष्ट्र की राजनीति में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और एनसीपी-एसपी के आठ लोकसभा सांसदों की मुलाकात में महाराष्ट्र से जुड़े कई स्थानीय और जनहित के मुद्दे सामने आए। सूखे की स्थिति, प्याज की कीमत और चंद्रभागा नदी के प्रदूषण जैसे विषयों को सांसदों ने प्रधानमंत्री के सामने रखा।

वहीं, FCRA संशोधन विधेयक जैसे राजनीतिक रूप से संवेदनशील मुद्दे पर बैठक में चर्चा नहीं हुई। इससे पहले शरद पवार और सुप्रिया सुले की प्रधानमंत्री से हुई मुलाकात में भी महाराष्ट्र के साथ-साथ छात्रों, किसानों और शिक्षा से जुड़े विषय सामने आए थे।

अब देखना होगा कि प्रधानमंत्री के सामने रखे गए महाराष्ट्र के इन मुद्दों पर आगे क्या कार्रवाई होती है और क्या केंद्र की ओर से कोई ठोस पहल सामने आती है।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top