दिल्ली में नकली 20 रुपये के सिक्कों का बड़ा गिरोह पकड़ा गया, क्राइम ब्रांच ने 1 लाख रुपये के नकली सिक्के किए बरामद
दिल्ली में नकली भारतीय सिक्कों का कारोबार करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नकली 20 रुपये के सिक्के बनाने और उनकी सप्लाई करने वाले नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान करीब 1 लाख रुपये की फेस वैल्यू के नकली सिक्के बरामद किए हैं। मौके से सिक्कों की सप्लाई करने वाले आरोपी पारस जैन को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस की इस कार्रवाई के बाद नकली सिक्कों के कारोबार से जुड़े अन्य लोगों की तलाश तेज कर दी गई है। शुरुआती जांच में नकली सिक्के बनाने और उन्हें बाजार में पहुंचाने के नेटवर्क का पता चला है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि अब तक कितने नकली सिक्के बाजार में सप्लाई किए जा चुके हैं।
क्राइम ब्रांच की WR-I टीम ने की कार्रवाई
जानकारी के मुताबिक, दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की WR-I टीम को नकली 20 रुपये के सिक्कों की सप्लाई किए जाने की जानकारी मिली थी। इसके बाद पुलिस ने सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी पारस जैन को पकड़ लिया।
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से करीब एक लाख रुपये की फेस वैल्यू के नकली 20 रुपये के सिक्के बरामद किए। इस कार्रवाई को नकली मुद्रा के कारोबार के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है।
नकली सिक्के बनाने वाली यूनिट का भी खुलासा
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि नकली सिक्के तैयार करने वाली एक यूनिट पहले से संचालित की जा रही थी। इसी यूनिट में नकली 20 रुपये के सिक्के बनाए जाते थे और फिर उन्हें अलग-अलग जगहों पर सप्लाई किया जाता था।
पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि सिक्के बनाने वाली यूनिट कहां संचालित हो रही थी और इस पूरे नेटवर्क में कितने लोग शामिल हैं। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि नकली सिक्कों की सप्लाई किन बाजारों और कारोबारियों तक की गई थी।
कार, आईफोन और लैपटॉप बैग भी जब्त
क्राइम ब्रांच ने कार्रवाई के दौरान नकली सिक्कों के अलावा एक कार, आईफोन और लैपटॉप बैग भी जब्त किया है। पुलिस इन सामानों की भी जांच कर रही है, ताकि गिरोह के नेटवर्क और उसकी गतिविधियों से जुड़े अहम सुराग मिल सकें।
आरोपी पारस जैन से पूछताछ के जरिए पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि नकली सिक्कों की सप्लाई का काम कब से चल रहा था और इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं।
बाजार में नकली सिक्के पहुंचने की आशंका
नकली सिक्कों का बाजार में इस्तेमाल आम लोगों और व्यापारियों के लिए परेशानी का कारण बन सकता है। ऐसे सिक्के दुकानदारों और ग्राहकों के बीच भ्रम पैदा कर सकते हैं। इसी वजह से पुलिस इस मामले को गंभीरता से लेते हुए पूरे सप्लाई नेटवर्क की जांच कर रही है।
फिलहाल दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच मामले की आगे की जांच में जुटी है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि नकली सिक्के बनाने वाली यूनिट कहां थी, गिरोह के अन्य सदस्य कौन हैं और कितनी बड़ी मात्रा में नकली सिक्के बाजार में पहुंचाए गए हैं।
इस कार्रवाई से दिल्ली में नकली सिक्कों के कारोबार का एक बड़ा नेटवर्क सामने आया है। अब पुलिस की जांच का मुख्य फोकस गिरोह के बाकी सदस्यों तक पहुंचने और नकली सिक्कों की सप्लाई से जुड़े पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करने पर है।