UP Punjab Assembly Election 2027: यूपी-पंजाब समेत पांच राज्यों में कब होंगे चुनाव? CBSE बोर्ड परीक्षा के शेड्यूल से बढ़ी तारीखों पर चर्चा
उत्तर प्रदेश, पंजाब समेत देश के पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी बीच केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं का कार्यक्रम जारी कर दिया है। परीक्षाएं 16 फरवरी से शुरू होकर 9 अप्रैल 2027 तक चलेंगी। इस परीक्षा कार्यक्रम के सामने आने के बाद विधानसभा चुनाव की तारीखों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
दरअसल, चुनाव कराने के लिए बड़ी संख्या में सरकारी कर्मचारियों, शिक्षकों और स्कूल-कॉलेजों की सेवाएं ली जाती हैं। दूसरी तरफ बोर्ड परीक्षाओं के दौरान भी स्कूलों और शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। ऐसे में दोनों कार्यक्रमों के बीच टकराव से बचने के लिए निर्वाचन आयोग को चुनावी कार्यक्रम तैयार करते समय विशेष ध्यान देना पड़ सकता है।
CBSE बोर्ड परीक्षाओं का शेड्यूल जारी
CBSE ने 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं का कार्यक्रम जारी कर दिया है। आधिकारिक कार्यक्रम के मुताबिक, दोनों कक्षाओं की परीक्षाएं 16 फरवरी 2027 से शुरू होंगी।
कक्षा 10वीं की परीक्षाएं 9 मार्च तक चलेंगी, जबकि 12वीं की परीक्षाएं 9 अप्रैल 2027 तक आयोजित की जाएंगी। परीक्षाएं सुबह 10:30 बजे से शुरू होंगी।
बोर्ड के मुताबिक, 10वीं की परीक्षा में 83 विषयों और 12वीं की परीक्षा में 121 विषयों के पेपर आयोजित किए जाएंगे। परीक्षा कार्यक्रम तैयार करते समय 40 हजार से अधिक विषय संयोजनों को ध्यान में रखा गया है, ताकि विद्यार्थियों के विषयों की परीक्षाओं की तारीखों में टकराव न हो।
यूपी और पंजाब समेत पांच राज्यों में होंगे विधानसभा चुनाव
अगले साल जिन पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव होने हैं, उनमें उत्तर प्रदेश, पंजाब, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर शामिल हैं। इन राज्यों में चुनाव कराने के लिए निर्वाचन आयोग तैयारियों की समीक्षा कर रहा है।
इन सभी राज्यों में वर्ष 2022 में भी विधानसभा चुनाव एक साथ कराए गए थे। इस बार भी आयोग इन राज्यों में चुनावी कार्यक्रम को ध्यान में रखकर तैयारियां कर रहा है। निर्वाचन आयोग के वरिष्ठ अधिकारी चुनावी राज्यों का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं।
जनवरी के अंत या मार्च में मतदान की संभावना पर चर्चा
CBSE बोर्ड परीक्षाओं का कार्यक्रम सामने आने के बाद चुनाव की संभावित तारीखों को लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। एक संभावना यह जताई जा रही है कि बोर्ड परीक्षाएं शुरू होने से पहले जनवरी के अंत में मतदान कराया जा सकता है।
वहीं दूसरी संभावना यह है कि फरवरी में बोर्ड परीक्षाओं के चलते मतदान कार्यक्रम को मार्च की तरफ बढ़ाया जा सकता है। खासकर उत्तर प्रदेश में चुनाव कई चरणों में होने की स्थिति में परीक्षा और मतदान के बीच तालमेल बैठाना प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण होगा।
हालांकि, ये सभी संभावनाएं और चर्चाएं हैं। निर्वाचन आयोग ने अभी विधानसभा चुनाव की तारीखों का आधिकारिक ऐलान नहीं किया है।
22 मई 2027 तक है यूपी विधानसभा का कार्यकाल
उत्तर प्रदेश विधानसभा का मौजूदा कार्यकाल 22 मई 2027 तक है। संवैधानिक प्रावधानों के अनुसार, विधानसभा का कार्यकाल समाप्त होने से पहले नई विधानसभा के गठन की प्रक्रिया पूरी करना जरूरी है।
यही वजह है कि उत्तर प्रदेश में चुनावी कार्यक्रम तय करते समय निर्वाचन आयोग को समयसीमा का विशेष ध्यान रखना होगा। उत्तर प्रदेश में 403 विधानसभा सीटें हैं और राज्य में मतदान कई चरणों में कराए जाने की संभावना पर भी चर्चा होती रही है।
पंजाब, गोवा, मणिपुर और उत्तराखंड में भी विधानसभा का कार्यकाल मार्च 2027 में अलग-अलग तारीखों पर समाप्त हो रहा है। ऐसे में इन राज्यों के चुनावी कार्यक्रम को भी एक साथ ध्यान में रखना होगा।
चुनाव और बोर्ड परीक्षाओं के बीच तालमेल बड़ी चुनौती
विधानसभा चुनाव और बोर्ड परीक्षाओं के दौरान सरकारी कर्मचारियों की तैनाती एक महत्वपूर्ण विषय होता है। चुनाव में शिक्षकों और अन्य सरकारी कर्मचारियों को मतदान अधिकारी, पीठासीन अधिकारी और दूसरी जिम्मेदारियां दी जाती हैं।
इसके अलावा स्कूलों को मतदान केंद्र भी बनाया जाता है। दूसरी तरफ बोर्ड परीक्षाओं के लिए परीक्षा केंद्रों की व्यवस्था, निगरानी और परीक्षा संचालन में भी शिक्षकों और स्कूलों की जरूरत होती है।
ऐसे में निर्वाचन आयोग और संबंधित राज्य सरकारों के सामने दोनों व्यवस्थाओं को सुचारू रूप से संचालित करने की चुनौती रहेगी।
चुनाव आयोग की घोषणा पर टिकी नजरें
CBSE की परीक्षा तारीखें सामने आने के बाद अब सभी की नजरें निर्वाचन आयोग के अगले कदम पर हैं। आयोग चुनावी राज्यों में सुरक्षा व्यवस्था, प्रशासनिक तैयारियों, मतदाता सूची और मतदान केंद्रों की समीक्षा के बाद चुनाव कार्यक्रम घोषित करेगा।
फिलहाल जनवरी के अंत, फरवरी और मार्च में मतदान को लेकर अलग-अलग संभावनाएं जताई जा रही हैं। लेकिन वास्तविक तारीखों का फैसला निर्वाचन आयोग की आधिकारिक घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा।
कुल मिलाकर, CBSE बोर्ड परीक्षाओं का नया शेड्यूल उत्तर प्रदेश, पंजाब समेत पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव की टाइमिंग को लेकर चर्चा का अहम विषय बन गया है। अब देखना होगा कि निर्वाचन आयोग परीक्षाओं और प्रशासनिक व्यवस्थाओं को ध्यान में रखते हुए किस समय चुनाव कराने का कार्यक्रम जारी करता है।