बिहार MLC चुनाव को लेकर JDU में खींचतान, अनंत सिंह के विरोध पर संजय झा बोले- पार्टी के संज्ञान में मामला
पटना। बिहार विधान परिषद चुनाव को लेकर जनता दल यूनाइटेड (JDU) के भीतर सामने आए मतभेद अब चर्चा में हैं। पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से पार्टी ने अपने मुख्य प्रवक्ता और मौजूदा एमएलसी नीरज कुमार को उम्मीदवार बनाया है, लेकिन मोकामा से JDU विधायक अनंत सिंह ने उनकी उम्मीदवारी का विरोध किया है। अनंत सिंह जन सुराज के उम्मीदवार अनुज कुमार के समर्थन में भी सामने आए हैं।
नीरज कुमार की उम्मीदवारी का अनंत सिंह ने किया विरोध
पटना स्नातक सीट पर JDU की ओर से नीरज कुमार को उम्मीदवार बनाए जाने के बाद अनंत सिंह ने खुलकर अपनी असहमति जाहिर की। वह जन सुराज के प्रत्याशी अनुज कुमार के नामांकन कार्यक्रम में भी शामिल हुए।
इस घटनाक्रम के बाद बिहार MLC चुनाव से पहले JDU के भीतर मतभेद की चर्चा तेज हो गई है। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच पहले से राजनीतिक मतभेद रहे हैं।
संजय झा ने कहा- पार्टी के संज्ञान में है मामला
विवाद को लेकर JDU नेता और मंत्री संजय झा ने कहा कि मामला पार्टी के संज्ञान में है। उन्होंने कहा कि यह केंद्रीय मंत्री ललन सिंह के क्षेत्र से भी जुड़ा हुआ विषय है और पार्टी ने उनसे बात की है।
संजय झा के बयान से संकेत मिलता है कि पार्टी नेतृत्व इस मामले से अवगत है और अंदरूनी मतभेद को लेकर बातचीत चल रही है। इस विवाद पर JDU के अन्य नेताओं की ओर से भी कहा गया है कि वरिष्ठ नेतृत्व मामले को देख रहा है।
पार्टी उम्मीदवार के खिलाफ समर्थन से बढ़ी चर्चा
अनंत सिंह का पार्टी के आधिकारिक उम्मीदवार नीरज कुमार के बजाय जन सुराज प्रत्याशी अनुज कुमार के समर्थन में आना इस पूरे घटनाक्रम का अहम पहलू है। Aaj Tak की रिपोर्ट के अनुसार, अनंत सिंह 1 अक्टूबर को अनुज कुमार के नामांकन के दौरान उनके साथ मौजूद रहे।
अनंत सिंह ने इससे पहले नीरज कुमार के साथ अपने विवाद को व्यक्तिगत बताया था। उन्होंने नीरज कुमार पर अपने खिलाफ साजिश में भूमिका होने के आरोप भी लगाए थे। ये आरोप अनंत सिंह के हैं और स्वतंत्र रूप से इन आरोपों की पुष्टि इस रिपोर्ट में नहीं हुई है।
JDU के सामने पार्टी अनुशासन का सवाल
पटना स्नातक सीट पर JDU के घोषित उम्मीदवार के खिलाफ पार्टी के ही विधायक के खुलकर सामने आने से पार्टी नेतृत्व के लिए यह मामला महत्वपूर्ण हो गया है। हालांकि, JDU नेताओं ने गठबंधन और पार्टी के सभी उम्मीदवारों की जीत के लिए काम करने की बात कही है।
बिहार विधान परिषद चुनाव के बीच सामने आया यह विवाद अब पार्टी के भीतर संवाद और नेतृत्व की भूमिका को लेकर भी चर्चा का विषय बना हुआ है। संजय झा के मुताबिक मामला पार्टी के संज्ञान में है और इस पर बातचीत की गई है।