प्रेमानंद महाराज के आश्रम से लापता लोगों को लेकर हंगामा, परिजन पहुंचे वृंदावन
मथुरा/वृंदावन। संत प्रेमानंद महाराज के श्रीहित राधा केलि कुंज आश्रम से जुड़े लापता लोगों के मामलों को लेकर वृंदावन में विवाद बढ़ता जा रहा है। एक शिष्य की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद अब कई परिवार अपने परिजनों की तलाश में आश्रम पहुंचे हैं। परिजनों ने अपने बच्चों और रिश्तेदारों के बारे में जानकारी नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए आश्रम के बाहर प्रदर्शन भी किया। हालांकि, लापता लोगों के आश्रम में मौजूद होने की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
तीन महीने से लापता है अनुज चौधरी
सबसे प्रमुख मामला हाथरस के रहने वाले 17 वर्षीय अनुज चौधरी का है। परिवार के मुताबिक, अनुज ने 26 जून 2026 को प्रेमानंद महाराज से दीक्षा ली थी। इसके कुछ दिन बाद 3 जुलाई को वह संत के दर्शन करने की बात कहकर घर से निकला, लेकिन इसके बाद वापस नहीं लौटा।
परिजनों ने उसकी तलाश में कई जगहों पर खोजबीन की। परिवार का कहना है कि उन्होंने वृंदावन के आश्रमों, मंदिरों और यमुना घाटों पर भी अनुज को तलाश किया। बाद में पुलिस में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई गई।
आश्रम के बाहर परिजनों ने दिया धरना
अनुज के परिजन शुक्रवार को बड़ी संख्या में ग्रामीणों के साथ राधा केलि कुंज आश्रम पहुंचे और बाहर धरने पर बैठ गए। परिवार ने आश्रम प्रबंधन से अनुज के बारे में जानकारी देने और उसकी तलाश में सहयोग करने की मांग की।
मामले की सूचना मिलने पर पुलिस अधिकारी भी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने आश्रम के रिकॉर्ड की जांच की, लेकिन उपलब्ध जानकारी के अनुसार अनुज के आश्रम में ठहरने का रिकॉर्ड नहीं मिला। देर शाम पुलिस अधिकारियों के आश्वासन के बाद परिजनों ने धरना समाप्त किया।
नोएडा की 35 वर्षीय युवती भी लापता
इसी बीच नोएडा की 35 वर्षीय युक्ति के लापता होने का मामला भी सामने आया है। उसके पिता उमेश सिंह के मुताबिक, युक्ति 15 अगस्त 2026 को वृंदावन में प्रेमानंद महाराज के आश्रम जाने की बात कहकर घर से निकली थी। इसके बाद वह वापस नहीं लौटी।
परिवार ने नोएडा पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है और बेटी की तलाश में वृंदावन पहुंचकर आश्रम के बाहर जानकारी जुटाने की कोशिश की। परिवार का कहना है कि युक्ति प्रेमानंद महाराज की भक्त थी, इसलिए उन्हें आशंका है कि वह आश्रम या उसके आसपास गई हो सकती है। हालांकि, उसके आश्रम में मौजूद होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
अन्य परिवार भी पहुंचे आश्रम
शनिवार को कई अन्य परिवार भी अपने लापता बच्चों की तलाश में राधा केलि कुंज पहुंचे। रिपोर्टों के अनुसार महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजी नगर से एक परिवार अपने 20 वर्षीय बेटे, कासगंज से एक परिवार अपने 16 वर्षीय बेटे और हरियाणा के नजफगढ़ से एक परिवार अपने नाबालिग बेटे की तलाश में आश्रम पहुंचा।
परिजनों ने अपने-अपने स्तर पर बच्चों की तलाश करने और आश्रम से जानकारी लेने की कोशिश की। बाद में कुछ परिवारों ने आश्रम के बाहर प्रदर्शन भी किया।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने संभाली स्थिति
मामले को लेकर आश्रम के बाहर शनिवार को काफी भीड़ जुट गई। रिपोर्टों के मुताबिक, प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों और आश्रम से जुड़े लोगों के बीच विवाद की स्थिति भी बनी। पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। एक रिपोर्ट में चार युवकों को पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने की बात कही गई है।
आश्रम प्रबंधन का पक्ष भी सामने आया
लापता लोगों के मामलों को लेकर आश्रम से जुड़े लोगों पर सवाल उठाए जा रहे हैं, लेकिन इन मामलों में किसी व्यक्ति के आश्रम में होने या आश्रम से जुड़े होने की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। एक मामले में आश्रम प्रशासन की ओर से सहयोग करने और अनुज की तस्वीर सेवादारों के ग्रुप में साझा किए जाने की जानकारी सामने आई है।
वहीं, पुलिस की जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि लापता लोगों की तलाश और उनके आश्रम से किसी संभावित संबंध की पुष्टि जांच के आधार पर ही हो सकेगी।
शिष्य की मौत के बाद बढ़ी चर्चा
इन घटनाओं के बीच प्रेमानंद महाराज के एक शिष्य रसिक दुलारी शरण उर्फ दीपक लोधी की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत भी चर्चा में है। पुलिस ने प्रथम दृष्टया इसे आत्महत्या मानकर जांच शुरू की थी, जबकि घटना को लेकर परिवार की ओर से कुछ सवाल उठाए गए हैं। मामले की जांच अभी जारी है।