पीलीभीत में OBC आरक्षण पर आयोग की बैठक, जनप्रतिनिधियों से मांगे सुझाव
पीलीभीत, 24 सितंबर 2026। कलेक्ट्रेट स्थित गांधी सभागार में उत्तर प्रदेश राज्य स्थानीय ग्रामीण निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति राम औतार सिंह ने की। बैठक का मुख्य उद्देश्य स्थानीय एवं ग्रामीण निकायों में अन्य पिछड़ा वर्ग यानी OBC के प्रतिनिधित्व और आरक्षण की स्थिति का अध्ययन करना रहा।
आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति राम औतार सिंह ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के क्रम में आयोग प्रदेश के अलग-अलग जनपदों का भ्रमण कर रहा है। इस दौरान अन्य पिछड़ा वर्ग के सामाजिक, शैक्षिक, आर्थिक और राजनीतिक पिछड़ेपन की वास्तविक स्थिति का अध्ययन किया जा रहा है। स्थानीय निकायों में OBC के राजनीतिक प्रतिनिधित्व और आरक्षण से जुड़े तथ्यों की भी विस्तृत जांच की जा रही है।
जनप्रतिनिधियों से ली गई जानकारी
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष, ब्लॉक प्रमुख, ग्राम प्रधान, जिला पंचायत सदस्य और अन्य जनप्रतिनिधियों के साथ संवाद किया गया। आयोग ने ग्रामीण क्षेत्रों में OBC समुदाय की सामाजिक, आर्थिक और शैक्षिक स्थिति, स्थानीय निकायों में उनकी भागीदारी और राजनीतिक प्रतिनिधित्व से जुड़े विषयों पर जानकारी जुटाई।
जनप्रतिनिधियों से स्थानीय स्तर पर OBC वर्ग की स्थिति और उनकी समस्याओं को लेकर सुझाव भी लिए गए। आयोग के अनुसार, जनपद भ्रमण के दौरान प्राप्त सूचनाओं, सुझावों, आपत्तियों और उपलब्ध प्रमाणों का संकलन कर उनका अध्ययन किया जाएगा। इसके बाद रिपोर्ट तैयार कर शासन के समक्ष प्रस्तुत की जाएगी।
पिछड़ेपन के कारणों को समझने के लिए सर्वे
मीडिया से बातचीत में आयोग के अध्यक्ष ने बताया कि पिछड़े वर्ग की वर्तमान स्थिति, उनकी आबादी के प्रतिशत और पिछड़ेपन के कारणों को समझने के लिए सर्वेक्षण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आयोग द्वारा जुटाए जा रहे आंकड़ों और सुझावों के आधार पर रिपोर्ट तैयार की जाएगी।
उन्होंने बताया कि स्थानीय निकायों में OBC आरक्षण और राजनीतिक प्रतिनिधित्व से जुड़े मामलों में जमीनी स्थिति को समझना इस अध्ययन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। आयोग का प्रदेश के विभिन्न जिलों में भ्रमण इसी प्रक्रिया के तहत किया जा रहा है।
बाढ़ से खेती प्रभावित, किसानों की आर्थिक स्थिति पर असर
पीलीभीत में शारदा और देवहा नदियों के कारण आने वाली बाढ़ का मुद्दा भी बैठक के दौरान सामने आया। आयोग के अध्यक्ष ने कहा कि बाढ़ के कारण खेती प्रभावित हुई है, जिसका असर किसानों की आर्थिक स्थिति पर पड़ा है।
बैठक में मौजूद लोगों ने OBC वर्ग की स्थिति से जुड़े अपने सुझाव लिखित और मौखिक रूप में आयोग के सामने रखे। इनमें अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षण का प्रतिशत बढ़ाने की मांग भी शामिल रही।
सुझावों के आधार पर तैयार होगी रिपोर्ट
आयोग की ओर से कहा गया कि पीलीभीत समेत विभिन्न जिलों से प्राप्त आंकड़ों और लोगों के सुझावों को एकत्र कर उनका अध्ययन किया जाएगा। इसके बाद आयोग अपनी रिपोर्ट तैयार करेगा और उसे संबंधित स्तर पर प्रस्तुत किया जाएगा।
उत्तर प्रदेश सरकार ने पंचायत चुनावों में OBC आरक्षण निर्धारित करने के लिए इस समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन किया है। आयोग को स्थानीय निकायों में OBC की सामाजिक, राजनीतिक और प्रशासनिक भागीदारी तथा आरक्षण की स्थिति का अध्ययन कर अपनी सिफारिश देने की जिम्मेदारी दी गई है।
ये अधिकारी और जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. दलजीत कौर, ब्लॉक प्रमुख, जिला पंचायत सदस्य, जिलाधिकारी आलोक कुमार, मुख्य विकास अधिकारी सतीश प्रसाद मिश्र, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) प्रसून द्विवेदी, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, ग्राम प्रधान, बीडीसी सदस्य और अन्य जनपद स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक के दौरान आयोग ने स्थानीय निकायों में OBC समुदाय की भागीदारी और प्रतिनिधित्व से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर जानकारी जुटाई। प्राप्त सुझावों और आंकड़ों को आगे की रिपोर्ट तैयार करने की प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा।