Delhi Pollution MCD Challan: दिल्ली में प्रदूषण फैलाने वालों पर MCD की सख्ती, रोहिणी में सबसे ज्यादा 303 चालान
दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण के बीच नगर निगम ने नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। निर्माण कार्यों से उड़ती धूल, खुले में कचरा जलाने और प्रदूषण फैलाने वाली अन्य गतिविधियों पर दिल्ली नगर निगम (MCD) की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं। 4 नवंबर की रिपोर्ट के मुताबिक, बुधवार को अकेले रोहिणी जोन में 303 चालान काटे गए। अलग-अलग इलाकों में भी निगम ने नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई की है।
MCD की कार्रवाई का उद्देश्य प्रदूषण फैलाने वाली गतिविधियों पर रोक लगाना और राजधानी की हवा को साफ रखने के प्रयासों को मजबूत करना है।
रोहिणी जोन में सबसे ज्यादा 303 चालान
MCD की 4 नवंबर की रिपोर्ट के अनुसार, नॉर्थ वेस्ट जोन यानी रोहिणी में सबसे ज्यादा 303 चालान काटे गए। इसके अलावा दिल्ली के अन्य जोन में भी बड़ी संख्या में कार्रवाई की गई।
आंकड़ों के मुताबिक, सेंट्रल नॉर्थ जोन में 221, वेस्ट जोन में 210, साउथ जोन में 155 और साउथ ईस्ट जोन में 147 चालान काटे गए। इससे साफ है कि निगम राजधानी के कई हिस्सों में प्रदूषण फैलाने वाली गतिविधियों के खिलाफ अभियान चला रहा है।
किन गलतियों पर काटे जा रहे हैं चालान?
दिल्ली में प्रदूषण बढ़ने के बीच निर्माण और तोड़फोड़ के दौरान धूल नियंत्रण के नियमों का उल्लंघन बड़ी समस्या बना हुआ है। निर्माण स्थलों पर धूल उड़ने से रोकने के लिए जरूरी इंतजाम नहीं करने वालों पर कार्रवाई की जा रही है।
इसके अलावा खुले में कचरा जलाने और ऐसी गतिविधियों पर भी नजर रखी जा रही है, जिनसे हवा की गुणवत्ता खराब होती है। निगम की टीमें अलग-अलग क्षेत्रों में निरीक्षण कर नियमों का उल्लंघन करने वालों के चालान काट रही हैं।
दिल्ली में 48 प्रदूषण हॉटस्पॉट की पहचान
MCD कमिश्नर संजीव खिरवार के मुताबिक, नगर निगम ने दिल्ली में 48 प्रदूषण हॉटस्पॉट की पहचान की है। इन इलाकों में प्रदूषण कम करने के लिए विशेष निगरानी और कार्रवाई की जा रही है।
प्रदूषण हॉटस्पॉट पर स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार कदम उठाए जा रहे हैं, ताकि धूल, कचरा जलाने और अन्य प्रदूषणकारी गतिविधियों को नियंत्रित किया जा सके।
ANPR कैमरों से वाहनों पर भी नजर
प्रदूषण नियंत्रण के लिए MCD टोल पॉइंट पर ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) तकनीक वाले कैमरे लगा रही है। इन कैमरों की मदद से वाहनों की नंबर प्लेट पहचानकर प्रतिबंधित वाहनों की निगरानी की जा सकेगी।
खासतौर पर BS-VI से कम उत्सर्जन मानक वाले वाहनों पर लागू प्रतिबंधों के पालन को सुनिश्चित करने में यह तकनीक मददगार होगी। इससे नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों की पहचान और कार्रवाई करना आसान हो सकता है।
प्रदूषण रोकने के लिए निगम का अभियान तेज
दिल्ली में वायु प्रदूषण की समस्या के बीच MCD की कार्रवाई लगातार तेज की जा रही है। निगम का जोर निर्माण स्थलों पर धूल नियंत्रण, खुले में कचरा जलाने पर रोक और प्रदूषण हॉटस्पॉट की निगरानी पर है।
रोहिणी में 303 चालान की कार्रवाई बताती है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों पर निगम सख्ती बरत रहा है। आने वाले दिनों में प्रदूषण नियंत्रण के लिए निगरानी और कार्रवाई का अभियान जारी रहने की संभावना है।