Uttarakhand CM Pushkar Singh Dhami News: पिथौरागढ़ को ₹284 करोड़ की सौगात, मुख्यमंत्री धामी ने 67 विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पण और शिलान्यास
पिथौरागढ़ में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का भव्य स्वागत, सड़क, स्वास्थ्य, पर्यटन और सीमांत क्षेत्रों के विकास पर सरकार का विशेष जोर। मुख्यमंत्री ने जनता के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम का 139वां संस्करण भी सुना।
पिथौरागढ़, 25 अक्टूबर 2026। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को सीमांत जनपद पिथौरागढ़ को विकास परियोजनाओं की बड़ी सौगात दी। मुख्यमंत्री ने ₹284 करोड़ से अधिक की लागत वाली 67 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इन परियोजनाओं का उद्देश्य जिले में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार करना, सड़क संपर्क को बेहतर बनाना और सीमांत क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति देना है।
मुख्यमंत्री के पिथौरागढ़ आगमन पर बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों, महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों ने उनका स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने लोगों से मुलाकात की और राज्य सरकार की विकास संबंधी प्राथमिकताओं को साझा किया।
पिथौरागढ़ में मुख्यमंत्री धामी का भव्य स्वागत
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के पिथौरागढ़ पहुंचने पर स्थानीय लोगों में उत्साह देखने को मिला। स्वागत कार्यक्रम में विभिन्न आयु वर्गों के नागरिकों ने भाग लिया।
महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों ने मुख्यमंत्री का अभिनंदन किया। मुख्यमंत्री ने भी लोगों से मुलाकात कर उनके स्नेह और समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पिथौरागढ़ की जनता का स्नेह और आशीर्वाद उन्हें प्रदेश के विकास के लिए निरंतर कार्य करने की प्रेरणा देता है।
₹284 करोड़ से अधिक की 67 विकास परियोजनाओं की सौगात
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पिथौरागढ़ में ₹284 करोड़ से अधिक की 67 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।
इन परियोजनाओं के माध्यम से जिले में आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने और विकास कार्यों का विस्तार करने पर जोर दिया गया है।
सीमांत जिले पिथौरागढ़ में सड़क संपर्क, स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा, पेयजल और अन्य सार्वजनिक सुविधाओं का विशेष महत्व है। पर्वतीय भूगोल और दूरस्थ बस्तियों के कारण यहां बुनियादी सुविधाओं को विकसित करना चुनौतीपूर्ण रहता है।
ऐसे में विकास परियोजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन से स्थानीय नागरिकों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
सीमांत क्षेत्रों का विकास सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार सीमांत क्षेत्रों के विकास के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने बेहतर सड़क संपर्क, पर्यटन विस्तार और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
पिथौरागढ़ उत्तराखंड का महत्वपूर्ण सीमांत जिला है, जिसकी सीमाएं नेपाल और चीन से लगती हैं। सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण होने के साथ यह जिला प्राकृतिक सुंदरता, धार्मिक पर्यटन और सांस्कृतिक विरासत के लिए भी जाना जाता है।
मुख्यमंत्री ने सीमांत क्षेत्रों में बेहतर कनेक्टिविटी और पर्यटन सुविधाओं के विस्तार को सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल बताया।
सड़क संपर्क बेहतर होने से पर्यटन और व्यापार को मिलेगा लाभ
पिथौरागढ़ में सड़क संपर्क का विस्तार स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।
जिले के अनेक गांव और पर्यटन स्थल पर्वतीय क्षेत्रों में स्थित हैं, जहां आवागमन के लिए सड़क मार्ग प्रमुख साधन है।
बेहतर सड़क सुविधाओं से स्थानीय नागरिकों, किसानों, व्यापारियों और पर्यटकों को लाभ मिल सकता है।
सड़क संपर्क में सुधार से स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच आसान होने के साथ कृषि उत्पादों को बाजार तक पहुंचाने में भी सहायता मिल सकती है।
इसके अतिरिक्त पर्यटन स्थलों तक सुगम आवागमन से होटल, होमस्टे, परिवहन और स्थानीय व्यवसायों के लिए नए अवसर विकसित हो सकते हैं।
आदि कैलाश और ओम पर्वत पर्यटन की बढ़ती संभावनाएं
पिथौरागढ़ जिले में आदि कैलाश और ओम पर्वत जैसे महत्वपूर्ण धार्मिक एवं प्राकृतिक पर्यटन स्थल स्थित हैं।
इन स्थलों की यात्रा के लिए देश के विभिन्न हिस्सों से श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं।
राज्य सरकार सीमांत क्षेत्रों में धार्मिक पर्यटन और साहसिक पर्यटन की संभावनाओं को विकसित करने पर जोर दे रही है।
पर्यटन सुविधाओं के विस्तार से स्थानीय युवाओं के लिए स्वरोजगार और आजीविका के अवसर बढ़ सकते हैं।
हालांकि पर्यटन विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण, पर्वतीय क्षेत्रों की संवेदनशीलता और स्थानीय संसाधनों के संतुलित उपयोग पर ध्यान देना भी आवश्यक है।
प्रधानमंत्री मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम का 139वां संस्करण सुना
पिथौरागढ़ प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्थानीय नागरिकों के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ का 139वां संस्करण सुना।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय लोगों ने भाग लिया।
‘मन की बात’ कार्यक्रम के माध्यम से प्रधानमंत्री देश के विभिन्न क्षेत्रों में हो रहे सामाजिक प्रयासों, नवाचारों, स्वच्छता अभियानों और जनभागीदारी से जुड़े विषयों पर संवाद करते हैं।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर स्थानीय लोगों के साथ बैठकर कार्यक्रम सुना और उनसे बातचीत भी की।
महिलाओं और युवाओं की भागीदारी रही उल्लेखनीय
मुख्यमंत्री के स्वागत कार्यक्रम में महिलाओं और युवाओं की भागीदारी भी देखने को मिली।
उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में महिलाओं की भूमिका कृषि, पशुपालन, पारिवारिक अर्थव्यवस्था और सामाजिक गतिविधियों में महत्वपूर्ण रही है।
वहीं युवाओं के लिए शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास और स्वरोजगार के अवसर बढ़ाना राज्य के सामने प्रमुख विषयों में शामिल है।
पर्यटन, स्थानीय उत्पादों और छोटे उद्यमों को प्रोत्साहन देने से सीमांत जिलों में रोजगार के नए अवसर पैदा किए जा सकते हैं।
पर्वतीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाओं का महत्व
पिथौरागढ़ जैसे पर्वतीय जिलों में स्वास्थ्य और शिक्षा सेवाओं तक सुगम पहुंच सुनिश्चित करना विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
दूरस्थ गांवों में रहने वाले लोगों को कई बार अस्पतालों और उच्च शिक्षण संस्थानों तक पहुंचने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती है।
सड़क संपर्क और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विस्तार से इन सेवाओं तक पहुंच को बेहतर बनाने में मदद मिल सकती है।
राज्य सरकार की विकास परियोजनाओं का वास्तविक प्रभाव इस बात पर निर्भर करेगा कि दूरस्थ क्षेत्रों तक सुविधाएं कितनी प्रभावी ढंग से पहुंचती हैं।
पलायन रोकने के लिए स्थानीय रोजगार आवश्यक
उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में रोजगार के सीमित अवसरों के कारण पलायन लंबे समय से महत्वपूर्ण सामाजिक और आर्थिक मुद्दा रहा है।
स्थानीय स्तर पर पर्यटन, कृषि आधारित उद्योग, हस्तशिल्प, होमस्टे और छोटे व्यवसायों को प्रोत्साहन देकर आजीविका के अवसर बढ़ाए जा सकते हैं।
पिथौरागढ़ में विकास कार्यों का विस्तार स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में सहायक हो सकता है।
इसके लिए आधारभूत संरचना के साथ रोजगार और कौशल विकास से जुड़ी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन भी आवश्यक होगा।
मुख्यमंत्री धामी ने विकास के प्रति दोहराई प्रतिबद्धता
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड के समग्र विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
उन्होंने सीमांत जिलों में आधारभूत सुविधाओं, बेहतर कनेक्टिविटी और पर्यटन विस्तार पर विशेष ध्यान देने की बात कही।
मुख्यमंत्री ने पिथौरागढ़ की जनता से मिले स्वागत और समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के विकास में जनता की भागीदारी महत्वपूर्ण है और सरकार लोगों की अपेक्षाओं के अनुरूप कार्य करने के लिए प्रतिबद्ध है।
अब परियोजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन पर नजर
पिथौरागढ़ में ₹284 करोड़ से अधिक की 67 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास के बाद अब इनके क्रियान्वयन तथा नागरिकों को मिलने वाले लाभ पर ध्यान केंद्रित होगा।
जिन परियोजनाओं का लोकार्पण हुआ है, उनसे संबंधित सुविधाओं के उपयोग और जिन कार्यों का शिलान्यास हुआ है, उनके समय पर पूरा होने की निगरानी महत्वपूर्ण होगी।
सीमांत क्षेत्रों में विकास कार्यों का विस्तार स्थानीय नागरिकों की दैनिक जरूरतों के साथ पर्यटन और आर्थिक गतिविधियों को भी प्रभावित कर सकता है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का पिथौरागढ़ दौरा विकास परियोजनाओं और जनसंवाद के लिहाज से महत्वपूर्ण रहा। ₹284 करोड़ से अधिक की 67 परियोजनाओं के माध्यम से सरकार ने सीमांत जिले में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है।