औरैया में 510 किलो घी का स्टॉक मिला, 508 किलो घी सीज; कीमत 3.35 लाख रुपये
रिपोर्ट: दीपक अवस्थी
औरैया। जनपद में मिलावटी और अपमिश्रित खाद्य पदार्थों की बिक्री पर रोक लगाने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। जिलाधिकारी बृजेश कुमार के निर्देश पर विभागीय टीम ने निझाई मोहाल, औरैया स्थित घी के एक प्रतिष्ठान पर छापेमारी की। इस दौरान प्रतिष्ठान में 510 किलोग्राम घी का स्टॉक मिला। आवश्यक खरीद बिल और स्टॉक रजिस्टर प्रस्तुत नहीं किए जाने तथा घी की गुणवत्ता को लेकर जांच की जरूरत के चलते टीम ने 508 किलोग्राम घी सीज कर दिया। सीज किए गए घी की अनुमानित कीमत 3,35,280 रुपये बताई गई है।
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने की छापेमारी
यह कार्रवाई सहायक आयुक्त (खाद्य)-II सुनील कुमार के नेतृत्व में की गई। निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान में भंडारित घी से संबंधित क्रय बिल और स्टॉक रजिस्टर मांगे गए, लेकिन खाद्य कारोबारकर्ता इन्हें प्रस्तुत नहीं कर सका।
इसके बाद टीम ने घी की गुणवत्ता की जांच के लिए उसका नमूना लिया और उसे खाद्य विश्लेषक प्रयोगशाला भेजने की प्रक्रिया शुरू की। अधिकारियों के अनुसार, नमूने की जांच रिपोर्ट मिलने के बाद ही घी की गुणवत्ता के संबंध में स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
508 किलो घी सीज, कारोबारकर्ता की अभिरक्षा में रखा गया
निरीक्षण और नमूना लेने की कार्रवाई के बाद शेष 508 किलोग्राम घी को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत नियमानुसार सीज कर दिया गया। सीज किए गए घी को खाद्य कारोबारकर्ता की सुरक्षित अभिरक्षा में रखा गया है।
विभाग की ओर से प्रतिष्ठान में पाई गई कमियों के संबंध में संबंधित कारोबारी को सुधार नोटिस भी जारी किया जा रहा है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि प्रयोगशाला से नमूने की जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद उसमें सामने आने वाले परिणामों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
इन अधिकारियों की टीम रही मौजूद
छापेमारी और निरीक्षण की कार्रवाई में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी राजीव कुमार वर्मा, खाद्य सुरक्षा अधिकारी विजय कुमार श्रीवास और अनिल कुमार संखवार शामिल रहे। अधिकारियों ने प्रतिष्ठान में उपलब्ध खाद्य पदार्थों और उनसे संबंधित अभिलेखों की जांच की।
खाद्य कारोबारियों को दिए गए निर्देश
सहायक आयुक्त (खाद्य)-II सुनील कुमार ने जनपद के सभी खाद्य कारोबारकर्ताओं से अपील की कि वे अपने प्रतिष्ठानों में भंडारित खाद्य पदार्थों से संबंधित क्रय-विक्रय बिल और स्टॉक रजिस्टर सुरक्षित रखें। इसके साथ ही कार्यरत कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाण-पत्र तथा खाद्य लाइसेंस या पंजीकरण को प्रतिष्ठान में सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित करें।
उन्होंने कारोबारियों को यह भी निर्देश दिया कि खाद्य पदार्थों की खरीद केवल वैध निर्माताओं और अधिकृत आपूर्तिकर्ताओं से ही करें। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित कारोबारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
मिलावट की सूचना देने की आमजन से अपील
खाद्य सुरक्षा विभाग ने आमजन से भी अपील की है कि यदि कहीं मिलावटी या अपमिश्रित खाद्य पदार्थों की बिक्री की जानकारी मिलती है, तो इसकी लिखित सूचना खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग, कलेक्ट्रेट ककोर मुख्यालय, औरैया में दें।
विभाग का कहना है कि आमजन के सहयोग से मिलावटखोरी के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की जा सकती है। घी के इस मामले में अब प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।