अजय राय तौकीर रज़ा के परिवार से मिले, 2027 चुनाव से पहले बरेली में बढ़ी सियासी हलचल
उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच कांग्रेस ने संगठन और जनसंपर्क गतिविधियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय बुधवार देर रात बरेली पहुंचे और जेल में बंद इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल (IMC) प्रमुख मौलाना तौकीर रज़ा खान के परिजनों से मुलाकात की। अजय राय दिल्ली से लखनऊ लौट रहे थे और इसी दौरान बरेली में रुके। (AajTak)
अजय राय सीधे बरेली के मोहल्ला सौदागरान स्थित मौलाना तौकीर रज़ा के आवास पहुंचे। यहां उन्होंने तौकीर रज़ा के बेटे फरमान रज़ा और परिवार के अन्य सदस्यों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष करीब 45 मिनट तक परिवार के साथ रहे और इसके बाद लखनऊ के लिए रवाना हो गए। (Live Hindustan)
परिवार को हरसंभव मदद का भरोसा
मुलाकात के बाद अजय राय ने सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि उन्होंने मौलाना तौकीर रज़ा के परिजनों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना और मुश्किल दौर में परिवार के साथ खड़े रहने का भरोसा दिया।
अजय राय ने मौलाना तौकीर रज़ा की जेल और कानूनी प्रक्रिया को लेकर भी जानकारी ली। कांग्रेस की ओर से कहा गया कि परिवार को हरसंभव कानूनी और नैतिक सहायता उपलब्ध कराने का भरोसा दिया गया है। (Live Hindustan)
बरेली की घटना को लेकर सरकार पर निशाना
परिवार से मुलाकात के बाद अजय राय ने उत्तर प्रदेश सरकार और प्रशासन पर भी सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि पिछले वर्ष बरेली में हुई घटना को जिस तरह से संभाला गया, उसमें प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठते हैं। राय ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने लाठीचार्ज कराया और कई लोगों के खिलाफ मुकदमे दर्ज कर उन्हें जेल भेजा गया।
हालांकि, ये अजय राय द्वारा लगाए गए राजनीतिक आरोप हैं। इनके संबंध में स्वतंत्र पुष्टि का दावा नहीं किया गया है। (ThePrint Hindi)
अजय राय ने कहा कि कानून सबके लिए समान होना चाहिए और कांग्रेस असहमति की आवाज को दबाने के खिलाफ आवाज उठाती रहेगी। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी तौकीर रज़ा के परिवार के साथ खड़ी है और कानूनी स्तर पर आवश्यक मदद देने का प्रयास करेगी। (AajTak)
तौकीर रज़ा जेल में क्यों हैं?
मौलाना तौकीर रज़ा सितंबर 2025 में बरेली में हुई हिंसा से जुड़े मामलों में जेल में हैं। हाल ही में सितंबर 2026 में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उनकी जमानत याचिका खारिज की थी। वह इस मामले से संबंधित कानूनी प्रक्रिया का सामना कर रहे हैं। (Live Hindustan)
2027 चुनाव से पहले मुलाकात के सियासी मायने
अजय राय की यह मुलाकात ऐसे समय हुई है जब कांग्रेस उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों में जुटी है। पार्टी प्रदेश की सभी 403 विधानसभा सीटों पर संगठन और चुनावी तैयारी करने की बात कह चुकी है। ऐसे में बरेली पहुंचकर तौकीर रज़ा के परिवार से प्रदेश अध्यक्ष की मुलाकात स्थानीय राजनीति में चर्चा का विषय बन गई है। (AajTak)
बरेली में IMC की राजनीतिक सक्रियता को देखते हुए इस मुलाकात को लेकर अलग-अलग राजनीतिक चर्चाएं भी सामने आ रही हैं। हालांकि उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, कांग्रेस की ओर से इस मुलाकात में किसी चुनावी गठबंधन, सीट बंटवारे या औपचारिक समर्थन को लेकर कोई घोषणा नहीं की गई है। कांग्रेस नेताओं ने इसे परिवार से मुलाकात और सामाजिक-राजनीतिक संवाद के तौर पर बताया है। (Navbharat Times)
इस मुलाकात का राजनीतिक असर क्या होगा, यह आने वाले समय में स्पष्ट होगा। फिलहाल इतना जरूर है कि यूपी चुनाव 2027 से पहले बरेली में अजय राय और तौकीर रज़ा के परिवार की यह मुलाकात प्रदेश की सियासत में चर्चा का नया विषय बन गई है।