भारत और अफगानिस्तान के बीच तीन मैचों की T20I सीरीज का तीसरा और आखिरी मुकाबला 17 सितंबर को दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेला गया। भारत ने शुरुआती दोनों मुकाबले 7 विकेट से जीतकर सीरीज पहले ही 2-0 से अपने नाम कर ली थी। ऐसे में तीसरे मैच में टीम इंडिया की नजरें बेंच स्ट्रेंथ को आजमाने और कुछ खिलाड़ियों को मौका देने पर थीं।
सबसे ज्यादा चर्चा 15 साल के वैभव सूर्यवंशी को लेकर थी। माना जा रहा था कि सीरीज जीतने के बाद भारतीय टीम उन्हें प्लेइंग इलेवन में मौका दे सकती है। कप्तान श्रेयस अय्यर ने भी दूसरे मैच के बाद बेंच पर बैठे खिलाड़ियों को मौका देने के संकेत दिए थे। हालांकि, अंतिम प्लेइंग इलेवन में वैभव को जगह नहीं मिली।
संजू-अभिषेक की जोड़ी बरकरार
तीसरे T20I में भारत ने संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा की ओपनिंग जोड़ी को बरकरार रखा। संजू ने दूसरे T20I में महज 22 गेंदों पर 57 रन की तेजतर्रार पारी खेली थी, जबकि अभिषेक शर्मा भी शुरुआती दोनों मुकाबलों में अच्छी बल्लेबाजी कर चुके थे। ऐसे में दोनों को बाहर करना टीम मैनेजमेंट के लिए आसान फैसला नहीं था।
वैभव को टीम में शामिल करने की स्थिति में शीर्ष क्रम में बदलाव करना पड़ता। एक विकल्प इशान किशन को आराम देने का था, लेकिन अंतिम टीम में वैभव को मौका नहीं दिया गया।
भारत की प्लेइंग इलेवन में एक बदलाव
टॉस के बाद सामने आई भारतीय प्लेइंग इलेवन में तेज गेंदबाज यश ठाकुर को शामिल किया गया। उन्हें अर्शदीप सिंह की जगह मौका मिला। वहीं वैभव सूर्यवंशी और वॉशिंगटन सुंदर को इस मुकाबले में भी अंतिम एकादश में जगह नहीं मिली।
भारत की तीसरे T20I की प्लेइंग इलेवन में अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन, इशान किशन, श्रेयस अय्यर, तिलक वर्मा, नितीश कुमार रेड्डी, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, रवि बिश्नोई, जसप्रीत बुमराह और यश ठाकुर शामिल रहे।
राशिद खान के पास बड़ा रिकॉर्ड
अफगानिस्तान के कप्तान राशिद खान के लिए भी यह मुकाबला खास था। वह T20I क्रिकेट में 200 विकेट पूरे करने के करीब थे और इस उपलब्धि के लिए उन्हें सिर्फ चार विकेट की जरूरत थी।
दिल्ली में खेला गया मुकाबला
भारत और अफगानिस्तान के बीच तीसरा T20I दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में हुआ। भारत सीरीज पहले ही अपने नाम कर चुका था, इसलिए मुकाबले में टीम संयोजन और खिलाड़ियों को मैच टाइम देने पर खास नजर रही।
वैभव सूर्यवंशी के अंतिम एकादश में नहीं होने से उनके प्रशंसकों को एक बार फिर निराशा हुई। सीरीज में दो लगातार जीत के बावजूद भारतीय टीम ने इस मुकाबले में संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा को शीर्ष क्रम में बनाए रखा।